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बिहार में तो दहेज़ बंद है फिर क्यों जलाई जा रही है बेटिया ? आखिर क्यों एक माँ को चिता से बेटी की लाश उठा कर जाना पड़ता है थाना ?

बेटी के वियोग में तडपती माँ की तस्वीर " अक्सर बेटी तडपती है माँ के लिए ऐसे ! 


बिहार में तो दहेज़ बंद है फिर क्यों जलाई जा रही है बेटिया ? आखिर क्यों एक माँ को चिता से बेटी की लाश उठा कर जाना पड़ता है थाना ?

घटना जहानाबाद के रामगढ़ मोहल्ले में रविवार को हुई। जानकारी के अनुसार शकुराबाद थाना क्षेत्र के नारायणपुर निवासी शकुंतला देवी ने तीन साल पहले अपनी बेटी गुडिय़ा (23 वर्ष) की शादी रामगढ़ के गणेश दास के साथ की थी। कुछ दिनों तक तो सब कुछ ठीक -ठाक चल रहा था फिर अचानक रिश्ते बिगड़ने लगे | वही पूरानी राम कहानी " दहेज़ " की माँग ससुराल वालो से शुरू , फिर लड़की को यातनाये पहुचना , सास -ननद के झगडे , ससुर को खाना न अच्छा लगना , रोज का ड्रामा शुरू , रोज की ( ओलहन)  शिकायत शुरू


आखिर बेटी करे क्या  ?
हमारे समाज में तो बचपन से ही सिखाया जाता है , सासुरवा पे सिरवा झुकाय्ह गे बेटी | सास - ननंद कुछो कहतो  गे बेटी त उनको को जबाब मत दियह गे बेटी| बेटी बेचारी करे क्या जैसे भी मर खा- के , लात खा के ससुराल में रहती है , अचानक एक दिन पता लगता है की ससुराल वालो ने बेटी को मार दिया है , ससुराल वाले कंहा खबर देने वाले थे आस - परोस के किसी नेक दिल इन्शान ने मायके तक खबर पहुचाई ?

दौरती हुई माँ पहुची बेटी के ससुराल !

अक्सर हमारे समाज में माँ की मुर्त्यु के खबर सुनकर ससुराल से बेटी भागती हुई मायके आते है लेकिन यंहा हुआ यु की माँ को बेटी के ससुराल जाना पड़ा , वंहा जाकर देखा तो बेटी की लाश को चिता पर रखकर जलाने की पूरी तयारी हो ही चुकी थी, बस मुख - अग्नि देना रह गया था , बेटी के माँ को देखने के बाद किसकी हिम्मत थी की वंहा कोई टिक पता लाश को जलाने यु कहिये की ठिकाने लगाने जितने लोग आये थे सब डर से निकल लिए | साथ कोई एक - आध नेक दिल इन्शान ही शायाद रह गया हो , उन्होंने कुछ मदद की हो बेटी की लाश को उठा कर थाना तक लाने में , अब दरोगा बाबु पंचनामा लिखेंगे , आरोप तय किया जायेगा , ससुराल वालो के ऊपर , अगर पक्ष मजबूत हुआ तो सजा मिलेगी नहीं , तो कुछ नहीं होने | 

अगर जबाब हो तो दीजियेगा ?

आखिर कितनी गुड़िया जलाई जायेगी ?
क्या सिखा मानव श्रिंखला बना कर ?
क्या हुआ खोता सिक्का नहीं चलेगा मुहीम का ?
क्या कर लेंगे अब महिला आयोग वाले ? 

सवाल और भी है ?


 

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