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Nirbhaya Case: फांसी टलने पर मां Asha Devi ने कही ये बात |Court से दोषियों की फांसी पर क्यों लगी रोक

Nirbhaya Case: फांसी टलने पर मां Asha Devi ने कही ये बात |Court से दोषियों की फांसी पर क्यों लगी रोक


लगातार दूसरी बार दोषियों की फांसी टलने से निर्भया की मां आशा देवी के सब्र का बांध टूट गया है। पटियाला हाउस कोर्ट के फैसले के बाद वो रोते हुए कोर्ट के बाहर निकली। आशा देवी ने कहा कि उनकी उम्मीदें टूट चुकी हैं लेकिन वह लड़ाई जारी रखेंगी. इन दरिंदों को जीने का कोई अधिकार नहीं है. हम व्यवस्था से निराश होते जा रहे हैं. दोषियों को फांसी दिए जाने तक लड़ाई जारी रखूंगी. आपको बता दें दिल्ली की एक अदालत ने निर्भया सामूहिक बलात्कार और हत्या मामले में चारों दोषियों पवन गुप्ता, विनय कुमार शर्मा, अक्षय कुमार और मुकेश कुमार सिंह के डेथ वारंट पर अमल को अगले आदेश तक के लिए टाल दिया है. अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश धर्मेन्द्र राणा ने फांसी पर रोक लगाने की दोषियों की याचिका पर सुनवाई करते हुए आदेश जारी किया.

निर्भया के गुनहगारों को डेथ वॉरंट के हिसाब से 1 फरवरी को सुबह 6 बजे फांसी पर लटकाया जाना था। इससे पहले 22 जनवरी को भी दोषियों की फांसी टल गई थी. दोषियों में शामिल अक्षय ठाकुर, पवन गुप्ता और विनय शर्मा की याचिका पर सुनवाई के दौरान तिहाड़ प्रशासन ने कहा कि सिर्फ विनय की दया याचिका राष्ट्रपति के पास लंबित है. ऐसे में दोषियों को अलग-अलग फांसी दे सकते हैं. मुकेश, पवन और अक्षय को 1 फरवरी को फांसी पर लटकाया जा सकता है.

इस पर दोषियों के वकील ए.पी. सिंह ने आपत्ति जताई. उन्होंने कानून का हवाला देकर फांसी को अनिश्चितकाल के लिए टालने की मांग की और कहा कि एक दोषी की याचिका लंबित होने से बाकी दोषियों को फांसी देना गैरकानूनी होगा. उन्होंने गुरुवार को भी कोर्ट से 1 फरवरी को फांसी पर रोक लगाने की मांग की थी. इसके लिए दिल्ली प्रिजन मैनुअल का हवाला दिया था. इस बीच, सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को दोषी पवन की रिव्यू पिटीशन ठुकरा दी थी. उसने गैंगरेप के वक्त नाबालिग होने का दावा खारिज होने के हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती दी थी. शीर्ष अदालत ने गुरु वार को अक्षय की क्यूरेटिव पिटीशन खारिज कर दिया था. तिहाड़ के फांसी घर में तीसरी बार शुक्र वार को दोषियों की डमी फंदे पर लटकाई गईं. डीजी (जेल) संदीप गोयल ने बताया कि इस प्रक्रि या को मेरठ से आए जल्लाद पवन ने पूरा किया. फांसी की तैयारियों के लिए पवन गुरु वार को जेल पहुंच गए थे. लेकिन अब उन्हें वापस मेरठ जाने के लिए कह दिया गया है।

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